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Friday, September 30, 2022

परोपकार की भावना इन्सान को फ़रिश्ता बना देती है- डा.आर.के ओझा

 

मातृभूमि सेवा ट्रस्ट के लोगों का सेवा भाव देखकर मन आह्लादित हो गया-शिवमंगल बियार (दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री,उ.प्र.सरकार)

चन्दौली शहाबगंज सेमरा परोपकार का अर्थ होता है दूसरों का अच्छा करना। परोपकार का अर्थ होता है दूसरों की सहयता करना। परोपकार की भावना मानव को इंसान से फरिश्ता बना देती है। परोपकार के समान कोई धर्म परोपकार ऐसा कृत्य है जिसके द्वारा शत्रु भी मित्र बन जाता है।ये बातें कही विडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिए देश के जाने माने नेत्र चिकित्सक डा.आर.के ओझा ने। मौका था मातृभूमि सेवा ट्रस्ट के तत्वावधान में आर.के नेत्रालय महमूरगंज द्वारा लगातार आयोजित होने वाले निःशुल्क नेत्र चिकित्सा शिविर के आयोजन का। शिविर में पधारे उ.प्र.सरकार के दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री शिवमंगल बियार ने कहा कि मातृभूमि सेवा ट्रस्ट के लोगों का सेवा भाव देखकर मन आह्लादित हो गया। शिविर में कुल 232 मरीजों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया। कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा के महानगर संयोजक  राजेश सिंह 'रिंकू'ने और संचालन  सुबाष विश्वकर्मा ने किया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से  राजेश सिंह, सत्यानंद रस्तोगी,अजय सिंह, सुमंत कुमार मौर्य, बिपिन, दिलीप गुप्ता, चन्द्रशेखर शाहनी, तसलीम भाई, नन्दलाल प्रजापति, रामकुमार बाबा इत्यादि लोग उपस्थित रहे।



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