रिपोर्ट -त्रिपुरारी यादव
वाराणसी रोहनिया। दिल्ली पब्लिक स्कूल वाराणसी में दो दिवसीय अंतर विद्यालयी महोत्सव फेनेस्ट्रा 8.0 का भव्य समापन शनिवार को हुआ। इस वर्ष महोत्सव की विषयवस्तु "सपने देखने का साहस" रही। इसमें वाराणसी के 13 प्रतिष्ठित विद्यालयों के कक्षा 9 से 12 तक के लगभग 400 विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। विद्यालय परिसर आकर्षक सजावट, सृजनात्मक स्टाल और विद्यार्थियों के उत्साह से जीवंत रहा।समापन समारोह के मुख्य अतिथि अपर पुलिस महानिदेशक वाराणसी परिक्षेत्र नवीन अरोड़ा रहे। उनका स्वागत विद्यालय की प्रधानाचार्य मुनमुन सेनगुप्ता ने स्मृति चिन्ह और पौधा भेंट कर किया। मुख्य अतिथि ने कहा कि आज का युग केवल पुस्तकीय ज्ञान का नहीं बल्कि कौशल विकास और व्यावहारिक दक्षता का है। विद्यार्थियों को नई तकनीक को सहायक के रूप में अपनाना चाहिए और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के साथ आगे बढ़ना चाहिए। प्रधानाचार्य ने कहा कि वास्तविक शिक्षा जिज्ञासा, चरित्र और नेतृत्व का निर्माण करती है, फेनेस्ट्रा इसी सोच का मंच है।इस अवसर पर निर्णायक मंडल में उद्योग, प्रबंधन, विज्ञापन, पाककला, तकनीक और वित्तीय क्षेत्र के विशेषज्ञ उपस्थित रहे। प्रतियोगिता में सेंट्रल हिंदू बालक विद्यालय, सनबीम मुगलसराय, संत अतुलानंद कोइराजपुर, आर्यन अंतरराष्ट्रीय विद्यालय सहित कई विद्यालयों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। समग्र विजेता दिल्ली पब्लिक स्कूल वाराणसी रहा, परन्तु मेजबानी के नियम के अनुसार विजेता का पुरस्कार आर्यन अंतरराष्ट्रीय विद्यालय को दिया गया। प्रथम उपविजेता संत अतुलानंद और द्वितीय उपविजेता सनबीम मुगलसराय रहे। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ शिक्षक अजय तिवारी ने किया और संयोजन रवि उपाध्याय ने किया।

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